Biography of Mahatma Gandhi / महात्मा गांधी पर निबंध/www.creativefactz.blogspot.com
Biography of Mahatma Gandhi / महात्मा गांधी की जीवनी
महात्मा गांधी जी के बारे में आज भारत में हर एक इंसान को पता है कोई ऐसा व्यक्ति नहीं है, जिसे महात्मा गांधी जी के बारे में ना पता हो। महात्मा गांधी जी को हम बापू के नाम से भी जानते हैं। महात्मा गांधी जी का पूरा नाम मोहनदास करमचंद गांधी था।
इनका जन्म 2 अक्टूबर सन 1869 में गुजरात के पोरबंदर जिले में हुआ था। गांधी जी और उनके कई साथियों द्वारा अंग्रेजों का विरोध करने के कारण हमें अंग्रेजों के 200 वर्षों के गुलामी से आजादी मिली। उनके पिता का नाम करमचंद उत्तमचंद गांधी था। उस समय के चलन के अनुसार महात्मा गांधी जी के पिताजी ने भी चार विवाह किए थे और उनकी चौथी पत्नी के छोटे पुत्र को हम राष्ट्रपिता कहकर बुलाते हैं। गांधी जी की माता का नाम पुतलीबाई था। गांधी जी के माता ने अपना संपूर्ण जीवन धर्म कार्यों में व्यतीत किया था।
गांधी जी ने अपने स्कूल के दिनों में कई इनाम जीते।सन 1887 ई. में यूनिवर्सिटी ऑफ मुंबई से मैट्रिक की परीक्षा पास की। इसके पश्चात गांधीजी ने भावनगर, गुजरात श्यामलदास कॉलेज को ज्वाइन किया। जहां उन्होंने अपनी मातृभाषा गुजराती को छोड़कर अंग्रेजी का चयन किया, इन सबके बीच उन्हें लिखने-पढ़ने में कई दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
इसी बीच गांधी जी के परिवार को उनके भविष्य की चिंता होने लगी, क्योंकि गांधीजी को डॉक्टर बनना था परंतु वह वैष्णव परिवार के होने के कारण डॉक्टर का काम नहीं कर सकते थे। उनके परिवार को लगा कि उन्हें अपने परिवार की परंपरा निभाते हुए किसी बड़े ऑफिस में अधिकारी के कार्य पर लगना होगा जिसके लिए उन्हें बैरिस्टर बनना होगा।
महात्मा गांधी एक अहिंसक मार्ग पर चलने वाले व्यक्ति थे।4 जून 1893 में अफ्रीका में ट्रेन यात्रा के दौरान एक अंग्रेज ने रंग का भेदभाव करते हुए आपत्ति जताई और महात्मा गांधी को नीचे उतरने को कहा परंतु गांधी जी के पास टिकट था, इसलिए उन्होंने ट्रेन से उतरने की से मना कर दिया। जिसके कारण उन्हें रात को किसी ट्रेन स्टेशन पर नीचे फेंक दिया गया। इस अपमान ने उन्हें अंदर तक प्रभावित कर दिया और उन्होंने खुद को रंग भेदभाव का विरोध करने के लिए तैयार करना शुरू कर दिया। उस रात उन्होंने यह प्रण किया कि, वह इस रंगभेद को जड़ से खत्म कर देंगे। जिससे उस रात में जन्म हुआ एक महान व्यक्ति महात्मा गांधी का।
महात्मा गांधी जी ने क्रांतिकारी की भूमिका निभाते हुए कई महत्वपूर्ण कार्य किए और उनके द्वारा स्वतंत्रता आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई गई। महात्मा गांधी द्वारा 12 मार्च 1930 में की गई दांडी यात्रा ने स्वतंत्रता आंदोलन को विशेषत प्रभावित किया। स्वतंत्रता आंदोलन में महात्मा गांधी को कई क्रांतिकारियों का सहभाग प्राप्त हुआ।
जैसे :- भगत सिंह सुखदेव राजगुरु पंडित जवाहरलाल नेहरू इत्यादि लोगों का समर्थन उन्हें प्राप्त हुआ।
महात्मा गांधी के विचारों द्वारा कई महान व्यक्तित्व प्रभावित हुए और कई लोगों ने उनके मार्ग पर चलना स्वीकार भी किया। आज भी भारत में ऐसे कई लोग हैं जो इनके विचारों का समर्थन करते हैं और उस पर चलना पसंद करते हैं। महात्मा गांधी द्वारा दिए गए विचारों को आज लोगों द्वारा पढ़ा भी जाता है और उन्हीं विचारों द्वारा कई लोगों के जिंदगी में बदलाव आए हैं।
यह भी पढ़े: सुबह उठने के फायदे ।
* हिंद स्वराज या इंडियन होम रूल(Indian home rule)
* Satyagrah in South Africa
* An Autobiography or The Story of My Experiments with Truth
1) खुद वो बदलाव बनिए जो आप दुनिया में देखना चाहते हैं।
2) आपको माना था मैं विश्वास नहीं खोना चाहिए। मानवता सागर के समान है; यदि सागर की कुछ बूंदे गंदी है तो पूरा सागर गंदा नहीं हो जाता।
3) खुद को खोजने का सबसे अच्छा तरीका है, खुद को दूसरों की सेवा में खो दो।
यह भी पढ़े:दुनिया का सबसे पहली विमान किसने बनाया था?
4) पहले वह आप पर ध्यान नहीं देंगे, फिर वह आप पर है संगे, फिर वह आप से लड़ेंगे, और तब आप जीत जायेंगे।
5) एक विनम्र तरीके से आप दुनिया हिला सकते हैं।
6) आंख के बदले आंख पूरे विश्व को अंधा बना देगी।
7) थोड़ा सा व्यस्त बहुत सारे उपदेशों से बेहतर है।
8) भविष्य इस बात पर निर्भर करता है कि आज आप क्या कर रहे हैं।
9) पाप से घृणा करो का माता-पिता से प्रेम करो।
10) एक अच्छा इंसान हर सचिव का मित्र होता है।
- जन्मतिथि :- 2 अक्टूबर 1869
- जन्म स्थान :- पोरबंदर, गुजरात।
- पिता का नाम :- करमचंद उत्तमचंद गांधी
- माता का नाम :- पुतलीबाई
- मृत्यु तिथि :- 30 जनवरी 1948
- मृत्यु स्थान :- नई दिल्ली।
गांधी जी ने अपने स्कूल के दिनों में कई इनाम जीते।सन 1887 ई. में यूनिवर्सिटी ऑफ मुंबई से मैट्रिक की परीक्षा पास की। इसके पश्चात गांधीजी ने भावनगर, गुजरात श्यामलदास कॉलेज को ज्वाइन किया। जहां उन्होंने अपनी मातृभाषा गुजराती को छोड़कर अंग्रेजी का चयन किया, इन सबके बीच उन्हें लिखने-पढ़ने में कई दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
इसी बीच गांधी जी के परिवार को उनके भविष्य की चिंता होने लगी, क्योंकि गांधीजी को डॉक्टर बनना था परंतु वह वैष्णव परिवार के होने के कारण डॉक्टर का काम नहीं कर सकते थे। उनके परिवार को लगा कि उन्हें अपने परिवार की परंपरा निभाते हुए किसी बड़े ऑफिस में अधिकारी के कार्य पर लगना होगा जिसके लिए उन्हें बैरिस्टर बनना होगा।
महात्मा गांधी एक अहिंसक मार्ग पर चलने वाले व्यक्ति थे।4 जून 1893 में अफ्रीका में ट्रेन यात्रा के दौरान एक अंग्रेज ने रंग का भेदभाव करते हुए आपत्ति जताई और महात्मा गांधी को नीचे उतरने को कहा परंतु गांधी जी के पास टिकट था, इसलिए उन्होंने ट्रेन से उतरने की से मना कर दिया। जिसके कारण उन्हें रात को किसी ट्रेन स्टेशन पर नीचे फेंक दिया गया। इस अपमान ने उन्हें अंदर तक प्रभावित कर दिया और उन्होंने खुद को रंग भेदभाव का विरोध करने के लिए तैयार करना शुरू कर दिया। उस रात उन्होंने यह प्रण किया कि, वह इस रंगभेद को जड़ से खत्म कर देंगे। जिससे उस रात में जन्म हुआ एक महान व्यक्ति महात्मा गांधी का।
महात्मा गांधी जी ने क्रांतिकारी की भूमिका निभाते हुए कई महत्वपूर्ण कार्य किए और उनके द्वारा स्वतंत्रता आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई गई। महात्मा गांधी द्वारा 12 मार्च 1930 में की गई दांडी यात्रा ने स्वतंत्रता आंदोलन को विशेषत प्रभावित किया। स्वतंत्रता आंदोलन में महात्मा गांधी को कई क्रांतिकारियों का सहभाग प्राप्त हुआ।
जैसे :- भगत सिंह सुखदेव राजगुरु पंडित जवाहरलाल नेहरू इत्यादि लोगों का समर्थन उन्हें प्राप्त हुआ।
महात्मा गांधी के विचारों द्वारा कई महान व्यक्तित्व प्रभावित हुए और कई लोगों ने उनके मार्ग पर चलना स्वीकार भी किया। आज भी भारत में ऐसे कई लोग हैं जो इनके विचारों का समर्थन करते हैं और उस पर चलना पसंद करते हैं। महात्मा गांधी द्वारा दिए गए विचारों को आज लोगों द्वारा पढ़ा भी जाता है और उन्हीं विचारों द्वारा कई लोगों के जिंदगी में बदलाव आए हैं।
यह भी पढ़े: सुबह उठने के फायदे ।
- महात्मा गांधी द्वारा लिखी गई पुस्तकें :-
* हिंद स्वराज या इंडियन होम रूल(Indian home rule)
* Satyagrah in South Africa
* An Autobiography or The Story of My Experiments with Truth
- महात्मा गांधी के महान विचार:-
1) खुद वो बदलाव बनिए जो आप दुनिया में देखना चाहते हैं।
2) आपको माना था मैं विश्वास नहीं खोना चाहिए। मानवता सागर के समान है; यदि सागर की कुछ बूंदे गंदी है तो पूरा सागर गंदा नहीं हो जाता।
3) खुद को खोजने का सबसे अच्छा तरीका है, खुद को दूसरों की सेवा में खो दो।
यह भी पढ़े:दुनिया का सबसे पहली विमान किसने बनाया था?
4) पहले वह आप पर ध्यान नहीं देंगे, फिर वह आप पर है संगे, फिर वह आप से लड़ेंगे, और तब आप जीत जायेंगे।
5) एक विनम्र तरीके से आप दुनिया हिला सकते हैं।
6) आंख के बदले आंख पूरे विश्व को अंधा बना देगी।
7) थोड़ा सा व्यस्त बहुत सारे उपदेशों से बेहतर है।
8) भविष्य इस बात पर निर्भर करता है कि आज आप क्या कर रहे हैं।
9) पाप से घृणा करो का माता-पिता से प्रेम करो।
10) एक अच्छा इंसान हर सचिव का मित्र होता है।





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